एक कोना अभियान
एक कोना अभियान
करुण दिव्यम ट्रस्ट की एक मानवीय एवं संवेदनशील पहल — हर बेसहारा को सुरक्षित छत और गरिमापूर्ण जीवन का अधिकार
•अभियान की प्रस्तावना एवं मूल परिकल्पना
आधुनिक समाज की चकाचौंध में एक बहुत बड़ा वर्ग ऐसा भी है जो बुनियादी जरूरतों से तो दूर है ही, साथ ही जिनके पास रात गुजारने के लिए छत और सिर छिपाने के लिए दुनिया में सुरक्षित 'एक कोना' तक नहीं है। बेघर होना केवल एक भौतिक समस्या नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति की गरिमा, सुरक्षा और सामाजिक अस्तित्व पर एक गहरा संकट है।
करुण दिव्यम ट्रस्ट का 'एक कोना अभियान' इसी विदारक सच्चाई को बदलने का एक दृढ़ संकल्प है। हमारा मानना है कि इस दुनिया में हर इंसान का यह मौलिक अधिकार है कि उसे सर्दी, गर्मी और बरसात से बचाने वाला एक सुरक्षित कोना मयस्सर हो। यह अभियान केवल ईंट-पत्थर की चारदीवारी बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह बेसहारा और निराश्रितों के जीवन में उम्मीद की एक नई किरण जगाने का माध्यम है।
•इस अभियान के मुख्य उद्देश्य एवं कार्यक्षेत्र
•सुरक्षित आश्रय स्थल (Shelter Homes) की स्थापना और संचालन: सड़क के किनारों, रेलवे स्टेशनों, बस अड्डों और खुले आसमान के नीचे रात गुजारने वाले बेघर, वृद्ध, और असहाय लोगों के लिए अस्थायी एवं स्थायी आश्रय गृहों की व्यवस्था करना, जहाँ उन्हें सुरक्षित वातावरण मिल सके।
•बुनियादी जीवन सुविधाओं की उपलब्धता: आश्रयविहीन लोगों और बस्तियों तक जीवन की प्राथमिक आवश्यकताएं—जैसे साफ पेयजल, मौसम के अनुकूल बिस्तर (कंबल, गद्दे), स्वच्छता किट, और पौष्टिक भोजन की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करना।
•मानसिक स्वास्थ्य, परामर्श और पुनर्वास: लंबे समय तक संघर्ष और उपेक्षा के कारण मानसिक रूप से टूटे हुए व्यक्तियों के लिए काउंसलिंग सत्र आयोजित करना, उन्हें व्यसन मुक्ति के प्रति प्रेरित करना और समाज की मुख्यधारा से पुनः जोड़ना।
•भविष्य का दृष्टिकोण (Future Vision)
एक कोना अभियान के माध्यम से करुण दिव्यम ट्रस्ट का दीर्घकालिक लक्ष्य देश के हर प्रमुख शहर और ग्रामीण अंचल में ऐसे सुरक्षित और सर्वसुविधा संपन्न आश्रय केंद्र विकसित करना है, जहाँ किसी भी असहाय व्यक्ति को ठंड, भूख या भय के कारण रात न काटनी पड़े।